मैं तेरे करीब हूँ हमेशा
“मैं तेरे करीब हूँ हमेशा”
कुछ धुआँ- धुआँ सी यादें अगर आये तो,
तुम टूट कर बिखर मत जाना,
कुछ अश्क आँख से अगर छलक जाए तो,
तुम टूटकर बिखर मत जाना,
मैं तेरे करीब हूँ हमेशा.
माना ये दुनिया है जालिम और दुश्मन है जमाना,
इश्क की राह में आएगी कई मुश्किलें तो,
तुम टूटकर बिखर मत जाना,
तन्हाई में गर याद मेरी आये तो,
तुम टूटकर बिखर मत जाना,
मैं तेरे करीब हूँ हमेशा.
लाख आये आंधियां और हाथ हमारा छुडाये तो
तुम टूटकर बिखर मत जाना,
हाथ मेरा थाम लेना कसकर
साथ चलेंगे हम हमेशा, बिछड़ेंगे ना दोबारा
समझना ना खुद को अकेला,
मैं तेरे करीब हूँ हमेशा.
- कपिल कुमार

