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एक किस की कीमत

रवि एक नम्बर का लड़कीबाज लड़का था,उसे घमंड था कि वह बहुत अच्छा दिखता है।न जाने कितनी लड़कियां उससे दोस्ती चाहती पर वो पंद्रह बीस दिनों से ज्यादा किसी से दोस्ती नही रखता था।उसकी लाइफ में न जाने कितनी लड़कियां आयी और गयी।वह काफी लड़कियों के साथ लिव इन रिलेशनशिप में रह चुका था।कपड़ो की तरह लड़कियों को बदलना उसकी आदत बन गयी।उसे लगभग नया चाहिए था हर महीने।

एक बार रवि ट्रेन में सफर कर रहा था,समय साढ़े ग्यारह बजे का था।धीरे-धीऱे यात्री ट्रेन से उतर रहे थे पर रवि को अगले दिन उतरना था।उसकी सीट पर एक बुढ़िया बैठी थी।

ट्रेन में जब अकेला लड़का हो और सामने की सीट पर कोई हसीना बैठी हो तो मन में जो ख़ुशी मिलती है उसकी तो बात ही अलग होती है।

रवि का दिल तो करेगा ही ,,,,,भला चौबीस साल का लड़का कैसे अपनी फ़ीलिंग को काबू में रखता,,,,जब से चढ़ा तब से उसी खूबसूरत लड़की को ही तो देखे जा रहा था ,,,,,वह भी औरों की नजरों से छिप कर।लड़की थी कि खिड़की से बाहर की ओर ही देखे जा रही थी।लड़की के बराबर में एक दम्पति बैठे हुए थे।वह चाह कर भी कुछ नहीं कर पाया।उसका फोन बजा,लड़की का ध्यान रवि की ओर गया,ये रवि भी देख चुका था।उसने फोन उठाया।


रवि:-" हलो,,,कहो,,,, सुरेश ,,,,,,,ज़रा जोर से बोलना सुनाई नही दे रहा है।ट्रेन की आवाज़ ज्यादा है।मै लेट हो गया,मीटिंग में बिजी था,कल सुबह तक पहुँच जाऊंगा।"


सुरेश:-"  हा हा हा हा हा, मुझे लग रहा है जरूर तेरे पास कोई लड़की है जिसे सुना रहा है . मीटिंग कैसे करनी है तुमसे बेहतर कौन जानता है ये"


दोनो हँसते हुए फोन रखते हैं।

थोड़ी देर बाद अगला स्टेशन आता है।उसकी सीट पर सिर्फ वही और सामने वाली सीट पर वह खूबसूरत लड़की रह गयी।

वही तो वह चाहता था।रवि ने पहले तो आँखों से व मुँह से  और हाथों से लड़की को काफी इशारे किये पर जब उसे कोई रिस्पॉन्स नहीं मिला तो वह गाना गाने लगा।

जरा जरा टच मी टच मि टच मी

जरा जरा किस मि, किस मी ,किस मी

वह लड़की मुस्कुराई,उसने अपनी गर्दन नीचे कर ली।फिर वह खिड़की से बाहर देखने लगी।

वह उसके पास बैठ गया।लड़की को शर्म आने लगी।

रवि ने कॉन्फिडेंस से कहा:-" हाय,मै रवि हूँ।क्लर्क हूँ पंजाब नेशनल बैंक में "

लड़की ने कोई उत्तर नही दिया।वह खिड़की से बाहर देखती रही।

रवि ने खड़े होकर डिब्बे को देखा,सिर्फ सात या आठ लोग ही होंगे ।सब सो चुके थे।रात के पौने दो बजे थे।रवि के लिये उस लड़की को पटाने का ये अच्छा मौका था।वह उसकी सीट पर बैठ गया।उसने थोड़ा बहुत बोला फिर भी लड़की ने कोई रिस्पॉन्स नही दिया।

रवि ने उसके हाथ को टच किया।लड़की ने खिड़की से पलटकर रवि की ओर देखा।

 रवि: -"  बेबी,,वाय आर यू वेस्टिंग यूअर टाइम" मुस्कुराते हुए रवि ने कहा और उसका दूसरा हाथ भी पकड़ लिया।


लड़की:-"छोड़ो मुझे  " 

वह उठी और गाड़ी के पीछे सीट वाली जगह जहाँ से यात्री चढ़ते है वहाँ खड़ी हो गयी।उसने गेट खोल दिया।


रवि उसके पीछे आया

" गेट खोल दिया,,,क्या चलती ट्रेन से कूदने का इरादा है। " उसने कहा।


लड़की:  -"गर्मी लग रही थी तो यहाँ आ गयी   "


रवि समझ गया कि वहाँ इसे शर्म आ रही थी तो यहाँ आ गयी।रवि ने वह दरवाजा बंद कर दिया।

  लड़की:-"  " क्या चाहते हो तुम " 


  रवि  :-"  एक किस"


लड़की:- "(  शर्माते हुए ) कहाँ पर "


रवि :-"  होटों पर   "


लड़की:  -"  वहीं पर क्यों "


रवि: -" बहुत प्यास लगी है बेबी"

कहकर रवि लड़की के करीब आया किस करने के लिये जैसे ही उसकी ओर झुका लड़की का चेहरा बदल चुका था।

उसके पैर उल्टे हो गये,चेहरा खून से सना था,दो दांत बाहर निकले हुये थे,काली बाहे,नुकीले नाख़ून और उसकी डरावनी मुस्कुराहट को देख रवि काँपने लगा।उसके मुँह से चीख तक न निकली।उसे मार कर लड़की गायब हो गयी।


यदि वो लड़कीबाज न होता तो बच जाता पर उसे क्या पता था एक किस की कीमत उसकी जान होगी।

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