किरण कुमार पाण्डेय के के - (19 July 2026)विचारों की दृष्टि से बेहतरीन कृति परन्तु इस सत्य से इंकार नहीं किया जा सकता कि श्राद्ध और सेवा दो अलग-अलग विषय हैं, दोनों के अपने -२ तर्क एवं महत्व हैं ! किसी एक के लिए दूसरे को गौण करने, कहने, समझने की भूल करना उचित नहीं ! 🙏💐✨✅