• 14 July 2026

    नहीं जान पाया

    अब समझा

    0 1

    कोई कहां से जानेगा किसी की गुरुता को।

    कह देते हैं जान रहा हूं उसकी महत्ता को।


    स्वीकार किसे होगा भला बडी सी यह बात।

    बस मानकर चलते लोग इसे दिन और रात।

    शब्दों में कैसे कह डालें हम उसकी सत्ता को।



    गिरधारी लाल चौहान


Your Rating
blank-star-rating
Sorry ! No Reviews found!